नशे, अपमान और बदले की आग में रची गई हत्या की साजिश,पुलिस मुठभेड़ के बाद आरोपी गिरफ्तार
न्यूज नेटवर्क 8 फरवरी (ब्यूरो) : जालंधर में आम आदमी पार्टी के नेता सतविंदर पाल सिंह उर्फ लक्की ओबेरॉय की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी नौकर को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। यह मुठभेड़ खासा खुरमनिया मोड़ के पास हुई, जहां पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी गोली लगने से घायल हो गया। उसे इलाज के लिए सरकारी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान शारिंदर सिंह उर्फ शिंगरी, निवासी डीसी कॉलोनी, गांव मिठापुर (जालंधर) के रूप में हुई है। आरोपी के कब्जे से एक पिस्तौल भी बरामद की गई है। इस संबंध में जानकारी देते हुए डीआईजी बॉर्डर रेंज शामिंदर सिंह और रेंज आईजी संदीप गोयल ने बताया कि आरोपी हत्या के समय शूटर के साथ स्कूटी पर सवार था और उसके खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस के अनुसार शुक्रवार सुबह लक्की ओबेरॉय मॉडल टाउन स्थित गुरुद्वारा सिंह सभा में माथा टेकने के बाद पार्किंग से बाहर निकल रहे थे, तभी अज्ञात हमलावरों ने उन पर गोलियां चला दीं, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना के तुरंत बाद पुलिस ने विशेष टीमें गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी थी।
शनिवार शाम करीब सात बजे सूचना मिली कि आरोपी देहाती क्षेत्र में मूव कर रहा है। इसके बाद पुलिस ने नाकेबंदी कर तलाशी अभियान तेज किया। एसएसपी देहाती सुहैल कासिम मीर ने बताया कि कार्रवाई के दौरान आरोपी बाइक पर आता दिखाई दिया। जब पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया तो वह घबरा गया और बाइक मोड़ने के प्रयास में गिर पड़ा। भागने की कोशिश के दौरान आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने आत्मरक्षा में गोली चलाई।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या की साजिश को लेकर कई अहम खुलासे किए हैं। उसने बताया कि वह पिछले दो वर्षों से लक्की ओबेरॉय के पास ड्राइवर के तौर पर काम कर रहा था और उन्हें करीब 10–12 साल से जानता था। आरोपी के मुताबिक नशे की लत को लेकर हुई पिटाई और बेइज्जती के कारण वह लक्की से नफरत करने लगा था।
आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने लक्की के एक दुश्मन जोगा के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। इसके लिए उसे पैसों का लालच दिया गया था। उन्हीं पैसों से उसने नई एक्टिवा खरीदी और वारदात के बाद शहर से फरार होने के लिए क्रेटा गाड़ी का इंतजाम किया, जिसे उसने लक्की से भरोसा जीतकर पहले ही अपने पास ले लिया था।
आरोपी ने बताया कि वारदात वाले दिन वह सुबह छह बजे घर से निकला और शूटर को एक्टिवा पर बैठाकर गुरुद्वारा साहिब के पास पहुंचा। जैसे ही लक्की बाहर आए, उसने शूटर को इशारा किया और गोलियां चला दी गईं। इसके बाद दोनों अलग-अलग वाहनों से फरार हो गए।
पुलिस को शक है कि यह साजिश अकेले नौकर द्वारा अंजाम नहीं दी गई है। मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है। पुलिस फरार शूटर की तलाश में जुटी हुई है, जो फिलहाल क्रेटा कार में फरार बताया जा रहा है। शूटर का नाम अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है।
आरोपी के ठीक होने के बाद उसे जालंधर लाकर विस्तार से पूछताछ की जाएगी। पुलिस का कहना है कि इस हत्याकांड से जुड़े सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

